लखनऊ। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने महाकुंभ-2025 को राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मान उत्तर प्रदेश की उत्कृष्ट प्रशासनिक क्षमता, आधुनिक तकनीक आधारित प्रबंधन और सुशासन की राष्ट्रीय स्तर पर हुई प्रतिष्ठा का प्रमाण है।उन्होंने कहा कि महाकुंभ-2025 अनेक मायनों में दिव्य, भव्य, अद्भुत और विलक्षण आयोजन रहा। इस आयोजन ने न केवल भारत की प्राचीन सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक विरासत को विश्व के सामने गौरवपूर्ण ढंग से प्रस्तुत किया, बल्कि आधुनिक तकनीक, डिजिटल नवाचार और कुशल प्रशासन के माध्यम से विकसित भारत की नई तस्वीर भी दुनिया को दिखाई।
श्री शर्मा ने कहा कि महाकुंभ 2025 को इससे पूर्व भारत सरकार द्वारा स्वच्छता-उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित किया गया था और अब केंद्र सरकार द्वारा ई-गवर्नेंस के राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाना इस बात का प्रमाण है कि उत्तर प्रदेश ने आयोजन, प्रबंधन, स्वच्छता और तकनीकी नवाचार के क्षेत्र में नए राष्ट्रीय मानक स्थापित किए हैं।उन्होंने कहा कि जब महाकुंभ की तैयारियां प्रारंभ हुई थीं, तभी यह स्पष्ट किया गया था कि यह महाकुंभ डिजिटल होगा, आधुनिक तकनीक से संचालित होगा। आज राष्ट्रीय स्तर पर मिले इस सम्मान ने उस संकल्प पर भारत सरकार की भी मुहर लगा दी है।
नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के दूरदर्शी नेतृत्व, प्रेरणा और सतत दिशा-निर्देश को देते हुए उनके प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया।
उन्होंने महाकुंभ-2025 के सफल आयोजन में योगदान देने वाले सभी अधिकारियों, कर्मचारियों, सुरक्षा बलों, स्वच्छता कर्मियों, तकनीकी विशेषज्ञों तथा प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से जुड़े प्रत्येक कर्मयोगी को हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि उनके समर्पण, अनुशासन और अथक परिश्रम ने इस आयोजन को वैश्विक स्तर पर एक अनुकरणीय मॉडल बनाया है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि उत्तर प्रदेश आगे भी सुशासन, डिजिटल नवाचार और जनसेवा के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करता रहेगा।











