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एमएमएमयूटी के कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी बने AICTE उत्तरी…

मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो जे पी सैनी को एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है। भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के अधीन वैधानिक निकाय, अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) ने प्रो. सैनी को अपनी महत्वपूर्ण ‘उत्तरी क्षेत्रीय समिति’ (NRC) का नया अध्यक्ष मनोनीत किया है।

AICTE के सदस्य सचिव प्रो. श्यामा रथ द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना (F.No:-7-04/AICTE/RC/2026) के अनुसार, परिषद ने AICTE अधिनियम की धारा 14(1) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए देश की आठ क्षेत्रीय समितियों का पुनर्गठन किया है। प्रो. जे.पी. सैनी का कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तिथि से आगामी तीन वर्षों के लिए होगा।

तकनीकी शिक्षा को नई दिशा देने में अहम भूमिका

उत्तरी क्षेत्रीय समिति के अध्यक्ष के रूप में प्रो. सैनी उत्तर प्रदेश समेत उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों में तकनीकी शिक्षा की गुणवत्ता, संस्थानों के मानक और शैक्षणिक सुधारों की निगरानी व मार्गदर्शन करेंगे। प्रो. सैनी का चयन उनके लंबे प्रशासनिक अनुभव और तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में उनके विजन को देखते हुए किया गया है। वर्तमान में लखनऊ विश्वविद्यालय और मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति होने के साथ-साथ उनके पास उच्च शिक्षा के प्रबंधन का व्यापक अनुभव है, जिसका लाभ अब राष्ट्रीय स्तर पर तकनीकी संस्थानों को मिलेगा।

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कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी की इस प्रतिष्ठित नियुक्ति की सूचना मिलते विश्वविद्यालय के शैक्षणिक और प्रशासनिक हल्कों में हर्ष की लहर दौड़ गई। विश्वविद्यालय के शिक्षकों, अधिकारियों और छात्रों ने इसे संस्थान के लिए गौरवशाली क्षण बताया है। जानकारों का मानना है कि प्रो. सैनी की नियुक्ति से उत्तर प्रदेश में तकनीकी शिक्षा के पारिस्थितिकी तंत्र (Ecosystem) को भी मजबूती मिलेगी।

अपनी इस नई जिम्मेदारी पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रो. सैनी ने कहा कि AICTE जैसी प्रतिष्ठित संस्था ने उन पर जो भरोसा जताया है, वह उस पर पूरी निष्ठा के साथ खरा उतरने का प्रयास करेंगे। उनका प्राथमिक लक्ष्य तकनीकी शिक्षा में नवाचार को बढ़ावा देना और उद्योगों की मांग के अनुरूप पाठ्यक्रम सुनिश्चित करना होगा।

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