लखनऊ। आम आदमी पार्टी के यूपी प्रभारी एवं सांसद संजय सिंह ने यहां मंगलवार को लखनऊ के अलीगंज में हुए भीषण अग्निकांड और अयोध्या में राम मंदिर निर्माण में हो रहे कथित भ्रष्टाचार व चोरी को लेकर डबल इंजन सरकार पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिस कंप्यूटर सेंटर की बिल्डिंग में आग लगी, उसे ध्वस्त करने का आदेश 2016 में ही हो चुका था। फिर यह अवैध और जर्जर बिल्डिंग कैसे खड़ी रही? किसके संरक्षण में इसे चलाया जा रहा था, इसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए।
जब लोग दमकल विभाग को फोन कर रहे थे, तो समय पर कोई गाड़ी नहीं पहुंची। दिल्ली से लेकर लखनऊ तक हर अग्निकांड के बाद केवल जांच का नाटक होता है। संजय सिंह पार्टी कार्यालय पर आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि प्रदेश के पूरे फायर डिपार्टमेंट की समीक्षा एवं विभाग का बजट बढ़ाया जाए जिससे आधुनिक उपकरण, पाइप व गाड़ियाँ उपलब्ध हो सके।
दोषी अधिकारियों पर निलंबन जैसी रस्म अदायगी के बजाय सीधे एफआईआर दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जाए। उन्होंने कहा कि मृतकों के परिजनों को दिया जा रहा 2-2 लाख और 5-5 लाख रुपये का मुआवजा एक क्रूर मजाक है। इस हादसे में घायल हुई बेटी लवप्रीत से अस्पताल में मुलाकात की है, जिसने बताया कि आग नीचे से इतनी तेजी से फैली कि संभलने का मौका नहीं मिला।
संजय सिंह ने कहा कि राम के मंदिर में कोई सामान्य चोरी नहीं हुई है। चंपत राय और ट्रस्ट के लोगों ने यह चोरी सीधे तौर पर ‘ईडी पार्टी’ यानी भाजपा के लिए की है। जमीनों की खरीद के लिए पीएम के प्रतिनिधि रहे ज्ञानेश कुमार के रहते हुए जमीनों के दाम कई गुना बढ़ाकर घोटाले किए गए। उन्होंने 2 करोड़ की जमीन को 18.5 करोड़ में खरीद , 3 करोड़ की जमीन को 24 करोड़ में तथा 9 करोड़ की जमीन को 55 करोड़ 47 लाख में खरीदा गया। ज्वैलर्स एसोसिएशन और सिंधी समाज द्वारा भगवान को अर्पित की गई 200 किलो चांदी (कीमत लगभग 7 करोड़), बहुमूल्य हार, और संतोष दुबे द्वारा बताई गईं 1260 सोने-चांदी की शिलाएं व प्रभु की पादुकाएं तक गायब कर दी गईं। जिस प्रकार राजा भरत ने प्रभु की पादुकाएं रखकर 14 वर्ष शासन किया था, भाजपा ने उन पवित्र पादुकाओं को ही चोरी कर लिया।
एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट सीधे अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री संजय प्रसाद को सौंप दी है, जिससे साफ है कि इसमें पूरी तरह लीपा-पोती कर दी गई है। यह एसआईटी न राम के लिए है, न काम के लिए; यह केवल चंदा चोरों को बचाने के लिए है। आप के संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल आगामी 25 जून को लखनऊ आ रहे हैं, अगले दिन वह 26 जून को अयोध्या में राम लला के दर्शन और हनुमानगढ़ी की आरती में शामिल होंगे ।












