प्रधानमंत्री मोदी, अमित शाह समेत कई दिग्गज नेता समारोह में रहे मौजूद
पहली मंत्रिपरिषद में उत्तर-दक्षिण बंगाल सहित कई सामाजिक वर्गों को प्रतिनिधित्व
कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजनीति में शनिवार को ऐतिहासिक बदलाव दर्ज हुआ, जब शुभेंदु अधिकारी ने राज्य के पहले भाजपा मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेकर नई राजनीतिक शुरूआत की। कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड में आयोजित भव्य समारोह में राज्यपाल आर.एन. रवि ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इसके साथ ही पश्चिम बंगाल में पहली बार भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार का औपचारिक गठन हो गया।
शुभेंदु अधिकारी के साथ भाजपा के वरिष्ठ नेता दिलीप घोष, अग्निमित्रा पाल, अशोक कीर्तनिया, निशीथ प्रमाणिक और खुदीराम टुडू ने भी मंत्री पद की शपथ ली। हालांकि अभी विभागों का बंटवारा नहीं किया गया है। माना जा रहा है कि जल्द ही मंत्रिमंडल का विस्तार किया जाएगा। नई सरकार की पहली मंत्रिपरिषद में उत्तर और दक्षिण बंगाल दोनों क्षेत्रों को प्रतिनिधित्व दिया गया है। इसके साथ ही आदिवासी, मतुआ और राजबंशी समाज के नेताओं को भी मंत्रिमंडल में स्थान मिला है।
शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, कई केंद्रीय मंत्री तथा भाजपा और एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्री मौजूद रहे। समारोह के दौरान शुभेंदु अधिकारी ने प्रधानमंत्री मोदी का आशीर्वाद भी लिया। शुभेंदु अधिकारी ने 2026 विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को कड़ी चुनौती देते हुए सत्ता परिवर्तन की पटकथा लिखी। उन्होंने नंदीग्राम और भवानीपुर दोनों सीटों से जीत दर्ज की। भवानीपुर सीट पर उन्होंने ममता बनर्जी को 15 हजार से अधिक मतों से हराया। इससे पहले 2021 के विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने नंदीग्राम सीट पर ममता बनर्जी को पराजित किया था।
चार मई को घोषित विधानसभा चुनाव परिणामों में भाजपा ने 207 सीटें जीतकर ऐतिहासिक बहुमत हासिल किया था। इसके बाद मुख्यमंत्री पद के लिए शुभेंदु अधिकारी का नाम सबसे आगे माना जा रहा था। शुक्रवार को भाजपा विधायक दल की बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उनके नाम की आधिकारिक घोषणा की। शाह ने कहा कि विधायक दल की बैठक में मुख्यमंत्री पद के लिए केवल शुभेंदु अधिकारी का ही नाम प्रस्तावित हुआ और उन्हें सर्वसम्मति से नेता चुना गया।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में पहली भाजपा सरकार के गठन को ऐतिहासिक क्षण बताते हुए कहा कि नौ मई 2026 का दिन नई उम्मीद, सम्मान और सुशासन के प्रतीक के रूप में याद रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि ‘पोइला बैसाख’ और गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर की जयंती के अवसर पर यह शपथ ग्रहण समारोह होना सुखद संयोग है। प्रधानमंत्री ने शुभेंदु अधिकारी और सभी मंत्रियों को बधाई देते हुए विश्वास जताया कि नई सरकार पश्चिम बंगाल के विकास को नई गति देगी। मोदी ने इस अवसर पर डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को याद करते हुए उनके योगदान को नमन किया। उन्होंने समारोह के दौरान वरिष्ठ राष्ट्रवादी कार्यकर्ता माखनलाल सरकार से मुलाकात का भी उल्लेख किया, जिन्होंने डॉ. मुखर्जी के साथ काम किया था और पार्टी संगठन को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।












