
ललितपुर। जनपद के मर्हरा गांव की सहरिया बस्ती के करीब 20 आदिवासी परिवारों ने मंगलवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर प्रदेश के राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ के परिजनों पर ग्राम पंचायत/नजूल भूमि पर कब्जे का प्रयास करने का आरोप लगाया। पीड़ितों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर न्याय दिलाने की मांग की है। ज्ञापन में ग्रामीणों का आरोप है कि राज्यमंत्री की पुत्रियां सीमा और सरोज अपने साथ 10-12 लोगों के साथ बस्ती में पहुंचीं और वर्षों से बसे मकानों पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया। विरोध करने पर कथित रूप से गाली-गलौज और मारपीट की गई। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि बस्ती में आग लगा दी गई, जिससे एक मकान जल गया। घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई, लेकिन आरोप है कि पुलिस के पहुंचने से पहले संबंधित लोग जान से मारने की धमकी देकर वहां से चले गए। आदिवासी परिवारों ने यह भी आरोप लगाया कि बस्ती से निकलने वाले रास्ते को बंद कर दिया गया है, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि सहरिया बस्ती वर्षों से नजूल भूमि पर बसी हुई है। ज्ञापन पर 50 से अधिक ग्रामीणों के हस्ताक्षर हैं। पीड़ित परिवारों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा बस्ती की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।












