डुमरियागंज तहसील क्षेत्र में पेट्रोल और डीजल की किल्लत से आम लोग परेशान हैं। यहां के अधिकांश पेट्रोल पंपों पर प्रतिदिन सुबह लगभग 10 बजे के बाद पेट्रोल और डीजल समाप्त हो जाता है, जिससे वाहन चालकों को तमाम तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। डुमरियागंज में दूर-दराज के गांवों से आने वाले किसान, व्यापारी, छात्र और दैनिक यात्री घंटों तक पेट्रोल पंपों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। अक्सर पंपों पर “स्टॉक खत्म” का बोर्ड लगा मिलता है, जिससे उन्हें निराश होकर लौटना पड़ता है। आवश्यक कार्यों अथवा अस्पताल संबंधी जरूरतों के लिए निकलने वाले लोगों को सबसे अधिक दिक्कत हो रही है। रवि, अजय, रामू और सुरेश के अनुसार, सुबह के समय पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लगती हैं और कुछ ही घंटों में ईंधन खत्म हो जाता है। इसके बाद पूरे दिन लोगों को दूसरे क्षेत्रों के पंपों पर निर्भर रहना पड़ता है। कई वाहन चालक अतिरिक्त दूरी तय कर पेट्रोल-डीजल लेने को मजबूर हैं, जिससे उनके समय और धन दोनों की बर्बादी हो रही है। किसान बाबूलाल, बृजमोहन और आजाद ने इस समस्या पर नाराजगी व्यक्त की है। किसानों का कहना है कि खेती-किसानी के इस महत्वपूर्ण समय में ट्रैक्टर और अन्य कृषि यंत्रों के लिए डीजल की निरंतर आवश्यकता होती है। ईंधन की कमी से कृषि कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। छोटे व्यापारी और परिवहन क्षेत्र से जुड़े लोग भी इस किल्लत से जूझ रहे हैं। वहीं पेट्रोल पंप संचालक अजय कुमार और रामपाल ने कहा कि आपूर्ति समय से न मिलने और मांग अधिक होने के कारण यह समस्या उत्पन्न हो रही है। उन्होंने बताया कि तेल कंपनियों से नियमित आपूर्ति के लिए लगातार संपर्क किया जा रहा है, ताकि लोगों को परेशानी न हो। इस संबंध में उपजिलाधिकारी डुमरियागंज राजेश कुमार का कहना है कि उनके द्वारा इस बारे में पता कराया जा रहा है। ऐसा क्यों किया जा रहा है, यदि ऐसा हो रहा है तो पेट्रोल पंप मालिकों से बात करके समस्या का समाधान निकाला जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि आम नागरिक को इस समस्या से निजात दिलाया जाएगा।
पेट्रोल और डीजल की किल्लत से आम नागरिक परेशान:सुबह 10 बजे तक खाली हो जाते हैं अधिकांश पंप, पेट्रोल पंपों पर लग जाता है नो पेट्रोल-डीजल का बोर्ड
RELATED ARTICLES
Recent Comments
on Hello world!












