मुंबई। महाराष्ट्र सरकार द्वारा संत ज्ञानेश्वर महाराज की 750वीं जयंती के उपलक्ष्य में डाक विभाग, महाराष्ट्र परिमंडल ने (21 जुलाई) को दादर स्थित शिवाजी नाट्य मंदिर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान ‘माई स्टैम्प’ जारी किया।
इस अवसर पर रामचंद्र किसन जायभाये, मुख्य पोस्टमास्टर जनरल महाराष्ट्र परिमंडल ने कस्टमाइज्ड ‘माई स्टैम्प’ का विमोचन किया तथा प्रथम कस्टमाइज्ड ‘माई स्टैम्प’ एल्बम महाराष्ट्र के सांस्कृतिक एवं सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्री आशीष शेलार को भेंट किया। यह कस्टमाइज्ड ‘माई स्टैम्प’ महाराष्ट्र के महान, दार्शनिक एवं संत-कवि संत ज्ञानेश्वर महाराज की अमूल्य आध्यात्मिक, साहित्यिक एवं सांस्कृतिक विरासत को श्रद्धांजलि स्वरूप जारी किया गया है। यह संस्मारक अंक भारतीय डाक विभाग की उस प्रतिबद्धता का प्रतीक है जिसके माध्यम से वह डाक टिकटों एवं फिलेटली के जरिए भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं प्रसार के लिए सतत कार्य कर रहा है।
महाराष्ट्र सरकार द्वारा संत ज्ञानेश्वर महाराज की 750वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों का एक महत्वपूर्ण भाग था। इन आयोजनों के माध्यम से संत ज्ञानेश्वर महाराज के जीवन, उनके उपदेशों तथा उनके कालजयी साहित्यिक योगदान का स्मरण किया जा रहा है। डाक विभाग इस ऐतिहासिक अवसर पर कस्टमाइज्ड ‘माई स्टैम्प’ जारी कर स्वयं को गौरवान्वित महसूस करता है।
इस अवसर पर श्रीराम पांडेय निदेशक महाराष्ट्र सांस्कृतिक कार्य संचालनालय संचालक, रूपेश सोनावले वरिष्ठ अधीक्षक डाकघर, मुंबई उत्तर-पूर्व मंडल, संतोषकुमार एस. कुलकर्णी सहायक निदेशक डाक सेवाएं (पीएसआर) महाराष्ट्र परिमंडल सहित तमाम अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
यह कस्टमाइज्ड ‘माई स्टैम्प’ संत ज्ञानेश्वर महाराज की 750वीं जयंती की स्मृति में एक विशिष्ट फिलेटलिक स्मृति चिन्ह है। यह श्रद्धालुओं, डाक टिकट संग्राहकों एवं आम नागरिकों के लिए एक अमूल्य स्मृति बनेगा तथा फिलेटली के माध्यम से महाराष्ट्र की समृद्ध आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत के प्रति जन-जागरूकता को और अधिक सुदृढ़ करेगा।












