इस्लामाबाद :भारत ने पिछले कुछ सालों में न्यूक्लियर वॉर हेड्स की सख्या बढ़ाई है और उन्हें स्ट्रैटजिक लोकेशन्स पर तैनात भी कर दिया है। इससे पाकिस्तान में हड़कंप है। शहबाज शरीफ की सरकार पूरी दुनिया से भारत को रोकने की गुहार लगा रही है। असल में भारत ने अपने न्यूक्लियर वॉर हैड्स की संख्या को बढ़ाकर 190 तक कर दिया है और 12 एटम बमों को डिप्लॉय भी कर दिया है। दुनिया को ये जानकारी स्वीडन के स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट ने दी है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) ने दुनिया भर में परमाणु हथियारों को लेकर जो वार्षिक रिपोर्ट पब्लिश की है, इसमें दावा किया गया है कि पिछले एक साल में भारत ने 10 नए एटम बम बनाए हैं।
क्यों परेशान हुआ पाकिस्तान?
दरअसल, पिछले साल भारत के पास 180 एटम बम थे जो इस साल बढ़कर 190 हो गए हैं। लेकिन पाकिस्तान की न्यूक्लियर वेपन कैपेसिटी में कोई इजाफा नहीं हुआ है। इसी रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पहली बार भारत ने अपने परमाणु हथियारों को तैनात भी कर दिया है। ये रिपोर्ट सामने आने के बाद पाकिस्तान ने दुनिया के बड़े देशों से इस मामले में दख़ल देने की अपील की है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि भारत जो एग्रेशन दिखा रहा है जितनी तेजी से एटम बम बना रहा है उससे सिर्फ पाकिस्तान को नहीं बल्कि दुनिया के दूसरे देशों को भी खतरा हो सकता है।
पाकिस्तानी विदेश मंत्री ने क्या कहा?
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंदराबी कह रहे थे कि भारत अपनी डिफेंस की जरूरतों से ज़्यादा दूरी तक मार करने वाली मिसाइल्स बना रहा है और सिपरी की रिपोर्ट ने तो सिर्फ 12 वॉरहेड्स डेप्लॉय करने की बात कही है जबकि भारत ने इससे ज्यादा एटम बम तैनात कर रखे हैं। भारत ने न्यूक्लियर पावर से लैस पनडुब्बी भी तैनात की हैं। इससे पूरी दुनिया की शांति और स्थिरता के लिए खतरा है।
राजनाथ सिंह ने की प्रोजेक्ट कुश की शुरुआत
पाकिस्तान भारत की बढ़ती ताकत से क्यों घबरा रहा है इसकी वजह ये है कि असल में एक तरफ भारत लेटेस्ट हथियार खुद बना रहा है तो वहीं, दूसरी तरफ अपने डिफेंस सिस्टम को भी मजबूत कर रहा है। आज रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने हैदराबाद में DRDO के प्रोजेक्ट कुश की शुरुआत की। ये 21 हजार 700 करोड़ रुपए का स्वदेशी प्रोजेक्ट है। इसके तहत, लॉन्ग रेंज के सरफेस टू एयर मिसाइल डिफेंस सिस्टम का निर्माण किया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट का साइंटिफिक नाम एक्सटेंडेड रेंज एयर डिफेंस सिस्टम है। ये एयर डिफेंस सिस्टम दुश्मन के फाइटर जेट्स, ड्रोन्स, क्रूज और बैलिस्टिक मिसाइल्स को 400 किलोमीटर दूरी पर ही मार गिराएगा। कुश प्रोजेक्ट, भारत के मल्टी-लेयर्ड एयर डिफेंस सिस्टम, सुदर्शन चक्र का ही एक हिस्सा है जिसका एलान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से किया था। आज रक्षा मंत्री ने कहा कि जिस तरह महाभारत के युद्ध में भगवान श्रीकृष्ण ने सुदर्शन चक्र से दुष्टों का नाश किया था। उसी तरह भारत का मॉडर्न एयर डिफेंस सिस्टम भी दुश्मन के हर इरादे को नाकाम करेगा और भारत के लिए अभेद्य सुरक्षा चक्र बनाएगा।












