शहनूर अली
निघासन-खीरी। थाना क्षेत्र पढ़ुआ में गुरुवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में खुशियों का माहौल मातम में बदल गया। पढ़ुआ थाना क्षेत्र के अंतर्गत औघड़ बाबा और बोझिया पंप के बीच मुंडन कार्यक्रम में जा रही एक ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में पलट गई। हादसा इतना भीषण था कि पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि करीब 15 लोग घायल हो गए। घायलों में से नौ की हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ट्रैक्टर-ट्रॉली में लगभग 50 लोग सवार थे, जो बहराइच जिले के सुजौली थाना क्षेत्र स्थित कारीकोट मंदिर में मुंडन संस्कार में शामिल होने जा रहे थे। रास्ते में अचानक वाहन का संतुलन बिगड़ गया और ट्रॉली पलटकर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और आसपास के ग्रामीण तत्काल बचाव कार्य में जुट गए।
सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कराया। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को बाहर निकालकर नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां गंभीर रूप से घायलों का उपचार जारी है।
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान आरुषि (12 वर्ष) पुत्री विनोद, राजकुमारी (40 वर्ष) पत्नी केश कुमार, नैंसी देवी (15 वर्ष) पुत्री रमाकांत, पंछी (16 वर्ष) पुत्र विशंभर और मखाना (45 वर्ष) पत्नी मेवालाल, निवासी ग्राम सेमरी, थाना शारदानगर के रूप में हुई है। सभी मृतक और घायल शारदानगर थाना क्षेत्र के बताए जा रहे हैं। घटना की सूचना मिलते ही गांव में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में ट्रैक्टर-ट्रॉली में अत्यधिक सवारियां होने और संतुलन बिगड़ने को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। वहीं स्थानीय लोगों ने ग्रामीण क्षेत्रों में ट्रैक्टर-ट्रॉली से सवारियां ढोने पर रोक लगाने और सड़क सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने की मांग उठाई है।












