गौतम बुद्ध नगर। उत्तर प्रदेश के जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सोमवार सुबह ऐतिहासिक क्षण दर्ज किया गया। इस एयरपोर्ट पर कमर्शियल फ्लाइट का ऑपरेशन शुरू हो गया।
लखनऊ के चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट से इंडिगो की पहली शेड्यूल्ड कमर्शियल फ्लाइट 6E-2278 सुबह 8:05 बजे एयरपोर्ट पर उतरी। इससे पहले केंद्रीय नागरिक उड्डयनमंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन किया।यहां कमर्शियल ऑपरेशन की शुरुआत लखनऊ के चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट से सुबह 8:00 बजे आने वाली पहली शेड्यूल्ड इंडिगो फ़्लाइट 6E-2278 के साथ हुई। यह फ्लाइट अपनी यात्रा जारी रखते हुए बेंगलुरु जाएगी।
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की पहली कमर्शियल फ्लाइट को रवाना करने से पहले केक काटा और यात्रियों को खास फ्लाइट टिकट भी दिए।
नोएडा एयरपोर्ट से पहली उड़ान सुबह 8:30 पर लखनऊ के लिए रवाना हुई। इसमें एयरपोर्ट के लिए जमीन देने वाले 170 किसान और कामगार शामिल हैं। इनमें कुछ महिलाएं भी हैं।किंजरापु ने कहा, “आज बहुत खुशी का दिन है। 170 किसान यहां से लखनऊ के लिए पहली उड़ान में जा रहे हैं। बेंगलुरु के लिए भी उड़ान खड़ी है।
ये फ्लाइट अपनी यात्रा जारी रखते हुए बेंगलुरु जाएगी और वहां सुबह 11:05 बजे उतरेगी। नायडू ने बताया कि 4 गंतव्य के लिए यहां से आज उड़ानें शुरू होगी।ये हमारे देश के शीर्ष 5 हवाई अड्डों में शामिल होने वाला है।”उल्लेखनीय है कि इंडिगो और आकासा एयर जैसी प्रमुख एयरलाइनों ने लखनऊ, बेंगलुरु, हैदराबाद, मुंबई और अमृतसर सहित कई शहरों के लिए अपनी उड़ानें शुरू कर दी हैं।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से कमर्शियल उड़ान शुरू, इंडिगो फ्लाइट ने रचा इतिहास
खान इंस्टीट्यूट हमले के मामले में रौशन आनंद को मिली जमानत, पटना सिविल कोर्ट से बड़ी राहत
पटना। ज्ञान बिंदु कोचिंग इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर रौशन आनंद को पटना सिविल कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। खान इंस्टीट्यूट पर हुए हमले और कथित फायरिंग के मामले में जेल में बंद रौशन आनंद की जमानत याचिका अदालत ने स्वीकार कर ली है। अदालत के इस फैसले के बाद उनके समर्थकों और छात्रों में खुशी का माहौल है।
पटना सिविल कोर्ट में इस मामले की सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के वकीलों ने अदालत के समक्ष अपने-अपने तर्क रखे। अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने रौशन आनंद को जमानत देने का आदेश जारी किया।
गौरतलब है कि चर्चित शिक्षक फैजल खान उर्फ खान सर के कोचिंग संस्थान के बाहर 2 जून को हुए विवाद और उपद्रव के मामले में रौशन आनंद को आरोपी बनाया गया था। घटना के बाद पटना पुलिस ने 3 जून को ज्ञान बिंदु कोचिंग इंस्टीट्यूट के संचालक रौशन आनंद को पूछताछ के लिए थाने बुलाया था। पूछताछ के बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
इससे पहले मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास की अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद रौशन आनंद के अधिवक्ताओं ने जिला जज की अदालत में जमानत के लिए आवेदन किया था। अब जिला अदालत से उन्हें राहत मिल गई है।
रौशन आनंद की गिरफ्तारी के बाद यह मामला काफी चर्चा में रहा। उनकी रिहाई की मांग को लेकर पटना में छात्रों ने कई बार प्रदर्शन किया। छात्रों का आरोप था कि बिना किसी उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच के सीधे गिरफ्तारी की गई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि मामले की पूरी जांच होने के बाद ही किसी के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए थी।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा था कि यह केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि हजारों छात्रों के भविष्य से जुड़ा मामला है। उन्होंने सरकार से हस्तक्षेप कर निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने की मांग भी की थी।
अदालत से जमानत मिलने के बाद अब रौशन आनंद की रिहाई का रास्ता साफ हो गया है। हालांकि, मामले की जांच और कानूनी प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। पुलिस द्वारा दर्ज मामले में आरोपों की सत्यता का अंतिम फैसला जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
इस मामले ने बिहार के कोचिंग संस्थानों और छात्रों के बीच काफी चर्चा पैदा की है। फिलहाल सभी की निगाहें आगे की जांच और अदालत में चलने वाली सुनवाई पर टिकी हुई हैं।
नगर पंचायत भारतभारी में रीवा-करौता मार्ग का निर्माण कार्य अधूरा:400 मीटर सड़क का काम बाकी, नागरिकों ने की सड़क के निर्माण कराने की मांग
नगर पंचायत भारत भारी क्षेत्र में बहुप्रतीक्षित रीवा-करौता मार्ग का निर्माण कार्य अभी तक अधूरा पड़ा है। सड़क का अधिकांश हिस्सा बनकर तैयार हो चुका है, जबकि लगभग 400 मीटर सड़क का निर्माण कार्य अभी शेष बचा है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि अधूरे सड़क के निर्माण की मांग लंबे समय से की जा रही थी। सड़क की खराब स्थिति के कारण लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता था। नगर पंचायत अध्यक्ष चंद्र प्रकाश वर्मा के प्रयासों से इस कार्य में तेजी आई। चंद्र प्रकाश, अफजल, रामजीत एवं उबैदुर्रहमान ने बताया कि नागरिकों द्वारा काफी लंबे समय से सड़क के निर्माण की मांग करने के बाद आखिरकार सड़क का निर्माण कार्य तो शुरू हुआ था। लेकिन निर्माण कार्य को अधूरा छोड़ देने के कारण काफी लोगों को काफी कठिनाई हो रही है। नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी (ईओ) राजन गुप्ता ने बताया कि रीवा-करौता मार्ग का निर्माण कार्य तेजी से हुआ है। उन्होंने आश्वासन दिया कि शेष 400 मीटर सड़क का निर्माण कार्य भी जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। ईओ ने बताया कि नगर पंचायत क्षेत्र में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है और नागरिकों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्रतिबद्धता है।
राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण: केंद्र भी हुआ सक्रिय, आज अयोध्या पहुंचेगी एसआईटी
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में चढ़ावे और दान राशि में कथित गड़बड़ी के मामले ने अब राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर गंभीर रूप ले लिया है। प्रकरण के सामने आने के बाद जहां उत्तर प्रदेश सरकार ने विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन कर दिया है, वहीं केंद्र सरकार भी इस मामले पर नजर बनाए हुए है। सूत्रों के अनुसार प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) की ओर से एक वरिष्ठ अधिकारी के अयोध्या पहुंचकर मामले की जानकारी जुटाने की चर्चा है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
मामले की जांच के लिए गठित तीन सदस्यीय एसआईटी सोमवार को अयोध्या पहुंचकर अपनी जांच शुरू करेगी। टीम ट्रस्ट के पदाधिकारियों, मंदिर कर्मचारियों और मामले में चिह्नित संदिग्धों से पूछताछ करेगी। साथ ही ट्रस्ट द्वारा अब तक की गई आंतरिक जांच का पूरा ब्योरा भी जुटाया जाएगा।
एक सप्ताह बाद भी दर्ज नहीं हुई एफआईआर
राम मंदिर की दान राशि में कथित हेराफेरी का मामला करीब एक सप्ताह पहले सामने आया था। इसके बाद से ट्रस्ट के पदाधिकारी अपने स्तर पर गोपनीय जांच में जुटे हुए हैं। हालांकि सबसे बड़ा सवाल यह है कि गबन या धन की अनियमितता के संकेत मिलने के बावजूद अब तक पुलिस में एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई है।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दान राशि में गड़बड़ी या चोरी के साक्ष्य मिले हैं तो सबसे पहले प्राथमिकी दर्ज कराई जानी चाहिए थी। एफआईआर के बाद पुलिस या अन्य जांच एजेंसियां आगे की कार्रवाई करतीं। लेकिन इस मामले में पहले आंतरिक जांच और बाद में एसआईटी गठन का रास्ता अपनाया गया है, जिस पर सवाल उठ रहे हैं।
ट्रस्ट कार्यालय में बढ़ाई गई सुरक्षा
मामला सामने आने के बाद ट्रस्ट कार्यालय के आसपास सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई है। बताया जा रहा है कि ट्रस्ट कार्यालय के आसपास बाहरी लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। वहीं ट्रस्ट से जुड़े अधिकारी फिलहाल मीडिया के सामने खुलकर कुछ भी बोलने से बच रहे हैं।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर गठित हुई एसआईटी
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया है। इस टीम में लखनऊ मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत, आईजी रेंज लखनऊ किरन एस और विशेष सचिव वित्त नील रतन को शामिल किया गया है।
सूत्रों के मुताबिक एसआईटी केवल धन के लेन-देन की जांच तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि यह भी पता लगाएगी कि कहीं किसी स्तर पर लापरवाही, संरक्षण या मिलीभगत तो नहीं हुई। यदि जांच में किसी ट्रस्टी, पदाधिकारी या कर्मचारी की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश भी की जा सकती है। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित लोगों के अधिकार सीमित किए जाने की भी संभावना है।
विनय कटियार ने बदला कार्यक्रम
राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण को लेकर भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद विनय कटियार ने भी सख्त रुख अपनाया था। अयोध्या पहुंचने पर उन्होंने कहा था कि वह पुलिस अधिकारियों से मिलकर दोषियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराएंगे और एफआईआर की मांग करेंगे।
उन्होंने कहा था कि यदि किसी ने श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए दान में गड़बड़ी की है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए और उसे जेल भेजा जाना चाहिए। हालांकि रविवार को उनका अधिकारियों से मिलने का कार्यक्रम नहीं हो सका और वह बिना किसी औपचारिक शिकायत के लखनऊ लौट गए।
नृपेंद्र मिश्र ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा
राम मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने रविवार को श्रीराम जन्मभूमि परिसर का दौरा किया। उन्होंने दानपेटियों, चढ़ावा संग्रहण और धनराशि को बैंक में जमा कराने की पूरी प्रक्रिया का निरीक्षण किया।
उन्होंने रामलला के गर्भगृह में रखी दान पेटियों का भी जायजा लिया और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी प्राप्त की। नृपेंद्र मिश्र ने कहा कि राज्य सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए 24 घंटे के भीतर एसआईटी का गठन किया है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विपक्ष ने उठाए सवाल
समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद ने भी मामले को लेकर ट्रस्ट पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि यह केवल वित्तीय अनियमितता का मामला नहीं है, बल्कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा विषय है।
अवधेश प्रसाद ने राज्य सरकार की एसआईटी पर भरोसा न जताते हुए मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में गठित स्वतंत्र समिति से कराने की मांग की। उन्होंने ट्रस्ट के जिम्मेदार पदाधिकारियों को हटाने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की भी मांग उठाई।
ट्रस्ट कार्यालय में लगाया गया नया लॉकर
मामले के सामने आने के बाद ट्रस्ट ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में ट्रस्ट भवन में अत्याधुनिक सुरक्षा सुविधाओं से लैस नया लॉकर स्थापित किया गया है। इसका उद्देश्य दानपेटियों से प्राप्त नकदी, आभूषणों और अन्य मूल्यवान वस्तुओं को अधिक सुरक्षित तरीके से संरक्षित करना बताया जा रहा है।
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय की देखरेख में इस नई व्यवस्था को लागू किया गया है।
जांच पर टिकीं सभी की निगाहें
राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण अब केवल एक वित्तीय जांच का मामला नहीं रह गया है। करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस मुद्दे पर देशभर की नजरें टिकी हुई हैं। एसआईटी की जांच से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि दान राशि में वास्तव में किस स्तर पर गड़बड़ी हुई, इसके लिए कौन जिम्मेदार है और अब तक एफआईआर दर्ज क्यों नहीं कराई गई।
फिलहाल सोमवार से शुरू होने वाली एसआईटी जांच को इस पूरे मामले में अहम मोड़ माना जा रहा है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि यह केवल प्रशासनिक चूक थी या फिर इसके पीछे कोई बड़ा संगठित खेल छिपा हुआ है।
मुंबई में नवजात मृत्यु दर में कमी
मुंबई में नए जन्मे बच्चों की मौत की दर कम हुई है। हेल्थ कमिटी के चेयरमैन हरीश भांडिरगे ने कहा कि पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट को इलाज की सर्विस की क्वालिटी सुधारने और नगर निगम के अस्पतालों में हेल्थकेयर सर्विस को और बेहतर बनाने का निर्देश दिया गया है।इसका मकसद बृहन्मुंबई नगर निगम के अस्पतालों में नए जन्मे बच्चों को बेहतर क्वालिटी, मॉडर्न और असरदार हेल्थकेयर देना है।(Decrease in neonatal mortality rate in Mumbai)
हाल ही में NICU मैनेजमेंट, CSR पहल और ऑनलाइन डैशबोर्ड प्रेजेंटेशन के साथ-साथ बच्चों के डॉक्टरों और नियोनेटोलॉजिस्ट की एक ज़रूरी मीटिंग हुई।नगर निगम के अलग-अलग अस्पतालों में NICU सुविधाओं को मज़बूत बनाने, नए जन्मे बच्चों को स्टेट-ऑफ़-द-आर्ट इलाज सर्विस देने के लिए ज़रूरी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने यह भी कहा कि CSR के ज़रिए मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर और ज़रूरी रिसोर्स बनाने और अस्पतालों में हेल्थ मैनेजमेंट को और ज़्यादा ट्रांसपेरेंट, असरदार और बेहतर बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
इस मौके पर, अलग-अलग BMC मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों के एक्सपर्ट्स ने नए जन्मे बच्चों की हेल्थकेयर में मौजूदा चुनौतियों पर गाइडेंस दी।
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खैरीघाट के बूढ़ेश्वरनाथ मंदिर में सोमवती अमावस्या पर उमड़े भक्त:श्रद्धालुओं ने की पूजा, मांगी मनोकामनाएं
बहराइच जिले के खैरीघाट थाना क्षेत्र स्थित बाबा बूढ़ेश्वरनाथ मंदिर में सोमवती अमावस्या के अवसर पर हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। रविवार रात से ही प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से भक्त जलाभिषेक और दर्शन के लिए मंदिर परिसर में पहुंचने लगे थे। यह प्राचीन बूढ़ेश्वरनाथ मंदिर अपनी आस्था और मनोकामना पूर्ति के लिए जाना जाता है। दूर-दराज से भक्त, जिनमें कैलाशपुरी और गिरिजापुरी से पदयात्रा कर आने वाले श्रद्धालु भी शामिल हैं, यहां जलाभिषेक करने आते हैं। मान्यता है कि मनोकामना पूर्ण होने पर कुछ भक्त अपनी जीभ भी अर्पित करते हैं, जो कुछ ही पलों में ठीक हो जाती है। सैकड़ों वर्षों से अमावस्या और सोमवार को यहां एक विशाल मेला भी लगता है, जहां भक्त पूजा-अर्चना कर महादेव में अपनी आस्था व्यक्त करते हैं। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर खैरीघाट पुलिस सक्रिय रही। थाना मोतीपुर, नानपारा और खैरीघाट की पुलिस टीमें मौके पर मौजूद थीं। मंदिर परिसर के बाहर बरगद के पेड़ के नीचे सोमवती अमावस्या पर महिलाओं ने फेरे लगाए।
अमेरिका-ईरान शांति समझौते से वैश्विक बाजारों में तेजी, एशिया-यूरोप में मजबूती
नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौता होने की पुष्टि के बाद ग्लोबल मार्केट से आज पॉजिटिव संकेत मिल रहे हैं। अमेरिकी बाजार पिछले सत्र के दौरान मजबूती के साथ बंद होने में सफल रहे थे।
डाउ जॉन्स फ्यूचर्स भी आज बढ़त के साथ कारोबार करता हुआ नजर आ रहा है। यूरोपीय बाजार में भी पिछले सत्र के दौरान लगातार खरीदारी होती रही। इसी तरह एशियाई बाजार में भी आज मजबूती के साथ कारोबार हो रहा है।
पश्चिम एशिया का तनाव खत्म होने और होर्मुज स्ट्रेट के खुलने की उम्मीद की वजह से अमेरिकी बाजार में पिछले सत्र के दौरान उत्साह का माहौल बना रहा। इसके साथ ही स्पेसएक्स के शेयरों की पहली लिस्टिंग के दौरान आई जबरदस्त तेजी की वजह से वॉल स्ट्रीट के सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए।
डाउ जॉन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 353.51 अंक यानी 0.70 प्रतिशत उछल कर 51,202.26 अंक के स्तर पर बंद हुआ। इसी तरह एस एंड पी 500 इंडेक्स ने 0.50 प्रतिशत की तेजी के साथ 7,431.46 अंक के स्तर पर पिछले सत्र के कारोबार का अंत किया।
इसके अलावा नैस्डेक 0.31 प्रतिशत की उछाल के साथ 25,888.84 अंक के स्तर पर बंद हुआ। वहीं डाउ जॉन्स फ्यूचर्स आज फिलहाल 436.46 अंक यानी 0.85 प्रतिशत की बढ़त के साथ 51,638.72 अंक के स्तर पर कारोबार करता हुआ नजर आ रहा है।
अमेरिकी बाजार की तरह ही यूरोपीय बाजार में भी पिछले सत्र के दौरान लगातार उत्साह का माहौल बना रहा। एफटीएसई इंडेक्स 167.84 अंक यानी 1.60 प्रतिशत की मजबूती के साथ 10,471.72 अंक के स्तर पर बंद हुआ।
इसी तरह सीएसी इंडेक्स ने 150.07 अंक यानी 1.80 प्रतिशत की तेजी के साथ 8,350.87 अंक के स्तर पर पिछले सत्र के कारोबार का अंत किया। इसके अलावा डीएएक्स इंडेक्स 425.59 अंक यानी 1.73 प्रतिशत की बढ़त के साथ 24,635.30 अंक के स्तर पर बंद हुआ।
एशियाई बाजार में भी आज चौतरफा खरीदारी हो रही है। एशिया के सभी नौ बाजार के सूचकांक मजबूती के साथ हरे निशान में कारोबार कर रहे हैं। गिफ्ट निफ्टी 302 अंक यानी 1.28 प्रतिशत की तेजी के साथ 23,930.50 अंक के स्तर पर कारोबार कर रहा है।
इसी तरह स्ट्रेट्स टाइम्स इंडेक्स 1.03 प्रतिशत की बढ़त के साथ 5,077.44 अंक के स्तर पर पहुंचा हुआ है। कोस्पी इंडेक्स ने आज जोरदार छलांग लगाई है। फिलहाल यह सूचकांक 441.80 अंक यानी 5.44 प्रतिशत उछल कर 8,565.42 अंक के स्तर पर आ गया है।
इसी तरह निक्केई इंडेक्स 3,205.96 अंक यानी 4.86 प्रतिशत की मजबूती के साथ 69,226 अंक के स्तर पर पहुंचा हुआ है। इसके अलावा जकार्ता कंपोजिट इंडेक्स 247.73 अंक यानी 4.12 प्रतिशत की तेजी के साथ 6,255.39 अंक के स्तर पर, ताइवान वेटेड इंडेक्स 1,192.70 अंक यानी 2.70 प्रतिशत की छलांग लगा कर 45,361.74 अंक के स्तर पर, शंघाई कंपोजिट इंडेक्स 0.92 प्रतिशत उछल कर 4,068.58 अंक के स्तर पर, हैंग सेंग इंडेक्स 118.90 अंक यानी 0.48 प्रतिशत की उछाल के साथ 24,837 संघ के स्तर पर और सेट कंपोजिट इंडेक्स 0.23 प्रतिशत की मजबूती के साथ 1,596.08 अंक के स्तर पर कारोबार कर रहे हैं।
मलमास के अंतिम सोमवार पर झारखंडी बाबा मंदिर में उमड़ी:भक्तों ने किया जलाभिषेक, सुरक्षा के लिए पुलिस तैनात
श्रावस्ती के गिलौला स्थित झारखंडी बाबा मंदिर में मलमास माह के अंतिम सोमवार को भारी भीड़ उमड़ पड़ी। रामपुर पैड़ा गांव में स्थित इस मंदिर में सुबह चार बजे से ही श्रद्धालु जलाभिषेक और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचने लगे। देखते ही देखते मंदिर परिसर और आसपास का क्षेत्र श्रद्धालुओं से भर गया। श्रद्धालुओं की भारी संख्या को देखते हुए गिलौला थाना पुलिस मौके पर तैनात रही। पुलिसकर्मियों ने दर्शन और जलाभिषेक को सुव्यवस्थित बनाए रखने में सहयोग किया, जिससे किसी प्रकार की अव्यवस्था नहीं हुई। मलमास के अंतिम दिन भक्तों ने भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना, हवन और अन्य धार्मिक अनुष्ठान किए। कई श्रद्धालुओं ने विशाल भंडारे का आयोजन किया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। कुछ भक्तों ने सत्यनारायण भगवान की कथा, रामायण पाठ और ब्राह्मण भोज का भी आयोजन किया। मंदिर परिसर में दिनभर भक्ति और श्रद्धा का माहौल बना रहा। दूर-दराज के गांवों से आए श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि और क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर भक्तों में विशेष उत्साह देखा गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, झारखंडी बाबा मंदिर क्षेत्र का एक प्रमुख आस्था केंद्र है। यहां विशेष अवसरों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए आते हैं। मलमास माह के समापन पर आयोजित इन धार्मिक कार्यक्रमों ने पूरे क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण निर्मित किया।
इकौना में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस सप्ताह का शुभारंभ:विधायक राम फेरन पाण्डेय ने किया दीप प्रज्वलन
श्रावस्ती के इकौना में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के उपलक्ष्य में योग सप्ताह का शुभारंभ सोमवार को किया गया। इकौना क्षेत्र स्थित सीता द्वार मंदिर प्रांगण में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्घाटन श्रावस्ती विधायक पंडित राम फेरन पाण्डेय ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर विधायक पंडित राम फेरन पाण्डेय ने योग के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाती है। विधायक ने सभी नागरिकों से नियमित योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में योग प्रशिक्षकों ने विभिन्न योगासन और प्राणायाम का प्रदर्शन किया। उन्होंने उपस्थित लोगों को योग के विस्तृत लाभों के बारे में जानकारी दी। योग सप्ताह के दौरान जनपद के विभिन्न स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम, योग शिविर और सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, योग प्रशिक्षक और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। 21 जून को आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मुख्य कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर भी चर्चा की गई।
सुपौल: 55 पंचायतों में लगेगा सोलर प्लांट, 7154 गरीब परिवारों को मिलेगी सौर ऊर्जा
सुपौल। जिले में गरीब परिवारों को स्वच्छ और सस्ती ऊर्जा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल शुरू हो गई है। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत सुपौल के 7,154 बीपीएल परिवारों के घरों की छतों पर 1.1 किलोवाट क्षमता के सौर ऊर्जा संयंत्र लगाए जाएंगे। इस योजना का शुभारंभ रविवार को किया गया, जिसके साथ जिले में चरणबद्ध तरीके से कार्य शुरू होने की प्रक्रिया भी तेज हो गई है।
पटना स्थित विद्युत भवन से आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम के दौरान 1,512 करोड़ रुपये की लागत से 2.5 लाख कुटीर ज्योति श्रेणी के उपभोक्ताओं के घरों पर सोलर संयंत्र लगाने के कार्य का शुभारंभ किया गया। साथ ही ऊर्जा क्षेत्र की 1,278 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और लोकार्पण भी हुआ।
सुपौल समाहरणालय के लहटन चौधरी सभागार में कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा गया, जिसमें जनप्रतिनिधियों, जिला प्रशासन के अधिकारियों, विद्युत विभाग के अभियंताओं और लाभार्थियों ने भाग लिया। योजना के पहले चरण में सुपौल के सभी 11 प्रखंडों की 55 पंचायतों का चयन किया गया है।
इन पंचायतों में जीविका दीदियों की मदद से लाभार्थियों का सर्वेक्षण और सहमति पत्र लेने की प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। अब चयनित परिवारों के घरों पर चरणबद्ध तरीके से सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए जाएंगे।
1.1 किलोवाट क्षमता वाला प्रत्येक सोलर संयंत्र प्रतिमाह लगभग 125 यूनिट तक बिजली उत्पादन करने में सक्षम होगा। इससे घरेलू बिजली की जरूरतें पूरी होने के साथ बिजली बिल का बोझ भी कम होगा।
योजना के तहत सोलर पैनल की स्थापना का पूरा वित्तीय प्रबंधन केंद्र और राज्य सरकार के सहयोग से किया जाएगा, जबकि सुपौल में इसके क्रियान्वयन और 10 वर्षों तक रखरखाव की जिम्मेदारी मेसर्स ओसवाल पम्प्स लिमिटेड को सौंपी गई है।
किशनपुर प्रखंड की राजपुर पंचायत से इसकी शुरुआत की जा रही है, जिसके बाद अन्य चयनित पंचायतों में भी काम आगे बढ़ेगा। करीब 60 हजार रुपये की अनुमानित लागत वाले प्रत्येक संयंत्र पर केंद्र सरकार 33 हजार रुपये और राज्य सरकार 10 हजार रुपये का अनुदान देगी, जबकि शेष राशि एजेंसी द्वारा वहन की जाएगी।
योजना का उद्देश्य गरीब परिवारों को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना, बिजली खर्च कम करना और स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देना है। जिला प्रशासन और विद्युत विभाग समयबद्ध तरीके से इसके क्रियान्वयन की दिशा में काम कर रहे हैं।
श्रावस्ती के बदला चौराहे पर कूड़े का ढेर:मुख्य मार्ग पर गंदगी से राहगीर परेशान, संक्रामक बीमारियों का खतरा
श्रावस्ती जनपद के बदला चौराहे पर बहराइच-जमुनहा मुख्य मार्ग के किनारे कूड़े का ढेर जमा हो गया है। इस गंदगी के कारण स्थानीय निवासियों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह चौराहा एक प्रमुख मार्ग पर स्थित है, जहाँ से प्रतिदिन हजारों लोग गुजरते हैं। बहराइच की ओर से आने वाले यात्रियों को चौराहे में प्रवेश करते ही इस गंदगी और दुर्गंध का सामना करना पड़ता है। इसी तरह, चौराहे से बाहर निकलने वाले राहगीरों को भी समान असुविधा होती है। सड़क किनारे प्लास्टिक की थैलियां, घरेलू कचरा और निर्माण सामग्री का मलबा जमा है। इस कचरे के कारण यहां मच्छरों और आवारा पशुओं का जमावड़ा लगा रहता है। चिलचिलाती धूप और गर्मी में कचरे से उठने वाली सड़न से आसपास के दुकानदारों और निवासियों का जीवन दूभर हो गया है। बारिश के मौसम में यह स्थिति और भी भयावह होने की आशंका है। मुख्य मार्ग पर इस तरह की गंदगी न केवल राहगीरों को असुविधा पहुंचा रही है, बल्कि क्षेत्र की छवि को भी नकारात्मक रूप से प्रभावित कर रही है। इसके चलते संक्रामक बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
जमुनहा के भारी गांव में सड़क पर गंदा पानी:नाली जाम होने से ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी, प्रशासन से की समाधान की मांग
श्रावस्ती जिले के जमुनहा विकास खंड के भारी गांव में मुख्य सड़क पर नाली का गंदा पानी जमा हो गया है। नाली के मिट्टी से भर जाने के कारण यह पानी सड़क पर फैल रहा है, जिससे ग्रामीणों और राहगीरों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। गांव की मुख्य सड़क के किनारे बनी नाली पूरी तरह से मिट्टी और कचरे से भर गई है। इस कारण नाली का पानी सड़क पर जमा होकर कीचड़ और गंदगी फैला रहा है। लगातार गंदे पानी के बहाव से पूरे क्षेत्र में दुर्गंध फैल गई है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि सड़क पर जमा गंदे पानी के कारण मच्छरों का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है। इससे गांव में मलेरिया, डेंगू और डायरिया जैसी संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ गया है, जिससे ग्रामीण चिंतित हैं। यह मुख्य मार्ग सैकड़ों ग्रामीणों और स्कूली बच्चों द्वारा प्रतिदिन उपयोग किया जाता है। सड़क पर फैले कीचड़ और गंदे पानी के कारण लोगों के फिसलकर गिरने का डर बना रहता है, जिससे चोट लगने की आशंका है। विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और छोटे बच्चों को आवागमन में कठिनाई हो रही है। ग्रामीणों मन्नान, तारिक, साहिल और आजाद सहित अन्य लोगों ने स्थानीय प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने जल्द से जल्द नाली की सफाई करवाकर इस गंभीर समस्या से निजात दिलाने का आग्रह किया है।


























