श्रावस्ती के नासिरगंज बाजार की मुख्य सड़क पिछले 20 वर्षों से बदहाल स्थिति में है। हल्की बारिश में ही यह सड़क तालाब में बदल जाती है, जिससे स्थानीय निवासियों और दुकानदारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, त्योहारों के दौरान सभी समुदायों के जुलूस इसी मार्ग से गुजरते हैं। सड़क की जर्जर हालत के कारण हर बार जुलूस निकालने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। बारिश के दिनों में कीचड़ और पानी भर जाने से बाजार में ग्राहकों की आवाजाही कम हो जाती है। इससे दुकानदारों, जिनमें प्रहलाद गुप्ता, सतीश गुप्ता, विजय कुमार, मकसूद और रेहान राजा शामिल हैं, को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नासिरगंज बाजार की इस मुख्य सड़क का जल्द से जल्द निर्माण कराया जाए, ताकि उन्हें इस वर्षों पुरानी समस्या से निजात मिल सके।
ओवरलोड वाहनों पर बड़ी कार्रवाई, कई ट्रक पकड़े गए, 4 सीज मचा हड़कंप
चित्रकूट। उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जनपद के कर्वी तहसील क्षेत्र में प्रशासन ने ओवरलोड वाहनों के खिलाफ सख्त अभियान चलाते हुए बड़ी कार्रवाई की है,। शुक्रवार को चलाए गए आकस्मिक धर पकड़ अभियान में चार ट्रक अवैध और ओवरलोड की स्थिति में पकड़कर सीज कर दिए गए हैं। सदर एसडीएम अजय यादव के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई से वाहन स्वामियों और चालकों में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, एसडीएम अजय यादव ने टीम के साथ चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें ओवरलोड चल रहे वाहनों के साथ-साथ बिना वैध दस्तावेजों के संचालित हो रहे ट्रकों को भी पकड़ा गया। कई ट्रकों के पास जरूरी एमएम-11 (खनन परिवहन से संबंधित प्रपत्र) नहीं पाए गए, जिसके चलते उन्हें तत्काल जब्त कर लिया गया।
पकड़े गए चारों वाहनों को भरतकूप थाना और शिवरामपुर चौकी को सुपुर्द कर दिया गया है, जहां आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध रूप से खनन सामग्री ढोने वाले और नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन स्वामियों में अफरा-तफरी का माहौल है।
एसडीएम अजय यादव ने कहा कि ओवरलोडिंग और बिना वैध कागजात के वाहन संचालन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि आगे भी इस तरह के अभियान लगातार जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उप जिला मजिस्ट्रेट अजय यादव का स्पष्ट कहना है कि संलिप्तता पाए जाने पर विभागीय अधिकारियों के विरुद्ध भी कार्यवाही प्रस्तावित की जाएगी।
यूपी में सहायक प्रोफेसर के पदों पर भर्ती, पढ़ लें डिटेल; डायरेक्ट लिंक
सहायक प्रोफेसर :अगर आप उत्तर प्रदेश में नौकरी की तलाश कर रहे हैं तो ये खबर आपके लिए ही है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने 107 से अधिक सहायक प्रोफेसर (B.Ed) पदों पर भर्ती निकाली है। इन पदों के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। इच्छुक और योग्य उम्मीदवार upessc.up.gov.in पर जाकर इस भर्ती के लिए आवेदन पत्र को भरकर जमा कर सकते हैं। इस भर्ती के लिए आवेदन करने की लास्ट डेट 27 मई 2026 है, इच्छुक और योग्य उम्मीदवार इस तिथि तक या इससे पहले ही आवेदन कर दें। नीचे बताए गए स्टेप्स के माध्यम से उम्मीदवार अपने आवेदन पत्र को भरकर जमा कर सकते हैं।
कैसे करें आवेदन
नीचे बताए गए स्टेप्स के माध्यम से उम्मीदवार अपने आवेदन पत्र को भर सकते हैं।
सबसे पहले उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट upessc.up.gov.in पर जाएं।
इसके बाद होमपेज पर, B.Ed आवेदन फ़ॉर्म का लिंक ढूंढें और उस पर क्लिक करें।
आपको UPESSC B.Ed भर्ती के लिए बनाए गए विशेष पोर्टल पर भेज दिया जाएगा।
अपने मोबाइल नंबर, आवेदन संख्या या ईमेल ID और अपनी जन्मतिथि का उपयोग करके लॉग इन करें।
“Verify & Send OTP” पर क्लिक करें और प्रमाणीकरण प्रक्रिया पूरी करें।
आवेदन फॉर्म भरें और फिर सबमिट करें।
इसके बाद आखिरी में भविष्य के संदर्भ के लिए उसकी एक प्रति डाउनलोड/प्रिंट कर लें।
Direct Link- bed.upessc.org/otr
आवेदन में सुधार
उम्मीदवारों को आवेदन में सुधार का मौका दिया जाएगा। इसके लिए उम्मीदवार करेक्शन विंडो के जरिए 30 मई तक सुधार कर सकेंगे।
आवेदन करने की एलिजिबिलिटी और सेलेक्शन प्रोसेस
आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के पास मास्टर डिग्री के साथ-साथ B.Ed की योग्यता भी होनी चाहिए।
इस भर्ती की चयन प्रक्रिया दो चरणों में पूरी की जाएगी। पहले लिखित परीक्षा होगी और उसके बाद इंटरव्यू होगा।
सिरसिया क्षेत्र में गरज-चमक के साथ बारिश से मिली राहत:भीषण गर्मी से लोगों को मिला निजात, फसलों को भी फायदा
श्रावस्ती जनपद के सिरसिया ब्लॉक क्षेत्र में अचानक बदले मौसम ने लोगों को भीषण गर्मी से राहत दिलाई। गुरुवार देर शाम होते ही गरज-चमक के साथ तेज बारिश शुरू हो गई, जो रुक-रुक कर पूरी रात जारी रही। इस बारिश से मौसम काफी ठंडा हो गया और लोगों ने राहत की सांस ली। बारिश और तेज हवाओं के कारण बाजारों में सन्नाटा छा गया। दुकानदारों ने समय से पहले ही अपनी दुकानें बंद कर दीं और लोग भी जल्द घरों की ओर लौटते नजर आए। हालांकि शुक्रवार को सुबह होते ही तेज धूप निकली लेकिन कुछ देर के बाद फिर से बादल छा गया, लेकिन रात की बारिश ने गर्मी का असर काफी हद तक कम कर दिया। तेज हवा के चलते कई जगहों पर बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई, जिससे कुछ समय के लिए अंधेरा छा गया और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं इस बारिश से गन्ना और मक्के की फसलों को फायदा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। इधर, इस समय शादी और अन्य मांगलिक कार्यक्रमों का सीजन चल रहा है। ऐसे में अचानक हुई बारिश के कारण कई जगहों पर कार्यक्रमों में व्यवधान देखने को मिला और लोगों को असुविधा का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबे समय से पड़ रही गर्मी के बाद हुई इस बारिश ने मौसम को सुहावना बना दिया है, हालांकि तेज हवाओं, बिजली कटौती और कार्यक्रमों में आई बाधाओं ने कुछ परेशानियां भी बढ़ाई हैं।
प्रधानों ने कार्यकाल बढ़ाने और लंबित भुगतान पर जताई नाराजगी:खेसरहा ब्लॉक में हुई बैठक, आंदोलन की चेतावनी
खेसरहा ब्लॉक सभागार में ग्राम प्रधानों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इसमें प्रधानों ने अपने कार्यकाल के विस्तार और लंबित भुगतानों को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त की। बैठक की अध्यक्षता प्रधान संघ के ब्लॉक अध्यक्ष शिवेंद्र द्विवेदी ने की। प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष पवन मिश्र ने कहा कि यदि ग्राम प्रधानों का कार्यकाल नहीं बढ़ाया गया, तो शासन द्वारा नियुक्त सचिव और प्रशासक व्यवस्था लागू होगी, जिससे भ्रष्टाचार बढ़ने की आशंका है। उन्होंने तर्क दिया कि वर्तमान प्रधान पिछले पांच वर्षों से गांवों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, इसलिए बिना वैकल्पिक व्यवस्था के कार्यकाल समाप्त करना उचित नहीं है। प्रधानों ने बताया कि उनका कार्यकाल 26 मई के बाद समाप्त हो रहा है, लेकिन पंचायत चुनाव को लेकर अभी तक कोई स्पष्ट स्थिति सामने नहीं आई है। उन्होंने सरकार से मांग की कि या तो समय पर चुनाव कराए जाएं या प्रधानों का कार्यकाल बढ़ाया जाए। बैठक में ग्राम पंचायतों के लंबित भुगतानों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। जिलाध्यक्ष पवन मिश्र ने चेतावनी दी कि यदि ग्राम पंचायतों का बकाया भुगतान जल्द से जल्द नहीं किया गया, तो प्रधान संघ आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। इस दौरान कई प्रधानों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याएं साझा कीं। सभी ने एकजुट होकर अपनी मांगों को शासन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। बैठक में बड़ी संख्या में ग्राम प्रधान उपस्थित थे और सभी ने एक स्वर में कार्यकाल विस्तार तथा लंबित भुगतान की मांग दोहराई।
बहराइच में वेलहन महेशपुर सड़क जर्जर:बाबा बुद्धेश्वर नाथ मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को आवागमन में दिक्कत
बहराइच जिले के मोतीपुर थाना क्षेत्र के बल्हा ब्लॉक की मिहींपुरवा तहसील अंतर्गत ग्राम सभा वेलहन महेशपुर में बाबा बुद्धेश्वर नाथ मंदिर को जाने वाली सड़क अत्यंत जर्जर अवस्था में है। इस कारण मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यह सड़क इतनी खराब है कि बारिश के मौसम में इसमें पानी भर जाता है, जिससे आवागमन और भी मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि जलभराव के कारण कई बार श्रद्धालुओं को चोटें भी लग चुकी हैं। सड़क की बदहाली से स्थानीय लोग और श्रद्धालु आक्रोशित हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने इस संबंध में ग्राम प्रधान से कई बार सड़क की मरम्मत कराने का आग्रह किया है। हालांकि, ग्रामीणों के बार-बार अनुरोध के बावजूद सड़क की स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। ग्राम प्रधान शिव रतन से संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि सड़क के नीचे पानी की टंकी के लिए पाइपलाइन बिछाने के दौरान खुदाई की गई थी, जिसके बाद से यह जर्जर हो गई। उन्होंने यह भी बताया कि ब्लॉक प्रमुख विजय कुमार वर्मा ने एक बार इसकी मरम्मत करवाई थी, लेकिन नियमों के अनुसार सड़क की मरम्मत 5 साल में केवल एक बार ही की जा सकती है, इसलिए दोबारा कार्य संभव नहीं हो पाया। प्रधान के इस बयान के बाद भी श्रद्धालुओं और ग्रामीणों में असंतोष बना हुआ है। सड़क की खराब हालत के कारण बाबा बुद्धेश्वर नाथ मंदिर आने वाले भक्तों को लगातार दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जो खाएं घर पर उगाएं! बिना मिट्टी इस तरीके से शुरू करें खेती
हाइड्रो पोनिक खेती: बदलते समय के साथ खेती के तरीके भी तेजी से बदल रहे हैं. अब ऐसे आधुनिक तरीके सामने आ चुके हैं, जिनकी मदद से लोग बिना खेत और बना मिट्टी के भी घर पर ताजा सब्जियां उगा रहे हैं. इन्हीं तरीकों में से एक हाइड्रो पोनिक खेती है जो खासकर शहरी इलाकों में तेजी से पॉपुलर हो रही है. कम जगह, कम पानी और बिना मिट्टी के होने वाले इस खेती से लोग अपने घर की बालकनी, किचन या छत पर ही सब्जियां उगा सकते हैं.
क्या है हाइड्रो पोनिक खेती?
हाइड्रो पोनिक खेती एक ऐसी विधि है, जिसमें पौधों को उगाने के लिए मिट्टी का इस्तेमाल नहीं किया जाता है. इसकी जगह पोषक तत्व से भरपूर पानी का घोल पौधों की जड़ों तक पहुंचाया जाता है. इस प्रक्रिया में पौधों को सीधे जरूरी पोषण मिलता है, जिससे उनकी वृद्धि तेजी से होती है और कम समय में बेहतर उत्पादन मिलता है. एक्सपर्ट्स के अनुसार, इस तकनीक में पानी का उपयोग भी पारंपरिक खेती के मुकाबले काफी कम होता है और पौधे तेजी से तैयार होते हैं.
कम जगह में भी संभव है खेती
हाइड्रो पोनिक खेती की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे बहुत कम जगह में भी किया जा सकता है. छोटे फ्लैट, बालकनी, किचन या कमरे के कोनों में भी इस सिस्टम को लगाया जा सकता है. यही कारण है कि शहरों में रहने वाले लोग जिनके पास जमीन नहीं है वह भी अब आसानी से इस खेती को कर पा रहे हैं. वहीं इस तकनीक में पौधों को पोषक तत्व सीधे मिलते हैं, जिससे उन्हें मिट्टी में खोज करने की जरूरत नहीं होती है. यही वजह है कि हाइड्रो पोनिक तरीके से उगाए गए पौधे पारंपरिक तरीके के मुकाबले तेजी से बढ़ते हैं और कम समय में तैयार हो जाते हैं.
कम पानी में ज्यादा उत्पादन
हाइड्रो पोनिक खेती में पानी को बार-बार इस्तेमाल किया जाता है, जिससे उसकी खपत काफी कम हो जाती है. माना जाता है कि यह तकनीक पारंपरिक तरीकों की तुलना में करीब 90 प्रतिशत तक पानी का उपयोग करती है. यही कारण है कि इसे पर्यावरण के अनुकूल भी माना जाता है. वहीं उत्तराखंड के श्रीनगर गढ़वाल स्थित एक रिसर्च संस्थान में इस तकनीक से अश्वगंधा और बच जैसे पौधों को कम समय में तैयार किया गया. जहां सामान्य तरीके से इन पौधों को उगाने में एक से दो साल लगते हैं, वही है हाइड्रो पोनिक विधि से इन्हें कुछ महीनो में ही तैयार कर लिया गया.
उन्नाव के ट्रामा सेंटर में शासनादेश की खुलेआम उड़ाई जा रही धज्जियां
क्या बोले सीएमएस?
LPG सिलेंडर की कीमतों में भारी उछाल, 19 किलो वाला सिलेंडर की कीमत 993 रुपये बढ़ी
आज मई महीने के पहले दिन ही लोगों को झटका लगा है। देशभर में 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलिंडर की कीमतें आज 1 मई से बढ़ गई हैं। पहले की तुलना में आज से आपको इस सिलेंडर के लिए 993 रुपये ज्यादा देने पड़ेंगे। इस बढ़ोतरी के बाद अब दिल्ली में 19 किलो वाला गैस सिलेंडर 3,071.5 रुपये में मिलेगा। कीमत में हुई इस बढ़ोतरी ने होटल और रेस्टोरेंट चलाने वालों की टेंशन बढ़ा दी है।
इंडियन ऑयल की ओर से जारी किए गए एक नोटिस के अनुसार, दिल्ली में अब 19 किलोग्राम वाला सिलेंडर 3,071.5 रुपये में, मुंबई में 3,270.5 रुपये और कोलकाता में 3,229 रुपये में मिलेगा। इसके अलावा अन्य शहरों में भी इस सिलेंडर के दाम बढ़ाए गए हैं। सिलेंडर की कीमतों में हुई इस बढ़ोतरी के बाद अब ढाबों हॉटलों में खाना मंहगा गो सकता है।
यह भी पढ़ें: महंगे कमर्शियल सिलेंडर से अनिवार्य eKYC तक, 1 मई से क्या-क्या बदल गया?
घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतें रहेंगी स्थिर
आज यानी 1 मई से कमर्शियल गैस सिलिंडर महंगा हो गया लेकिन घरेलू गैस सिलिंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। इसका मतलब है कि आपके घर के बजट में इसका कोई असर नहीं होगा लेकिन अगर आप बाहर खाना खाते हैं तो आपके बजट पर इसका सीधा असर होगा। दिल्ली में घरेलू सिलेंडर अभी भी 913 रुपये के पुराने रेट पर ही मिल रहा है। इसी तरह अन्य शहरों में भी पुराने रेट ही लागू रहेंगे।
व्यापारियों की चिंता बढ़ी
अचानक हुई इस बढ़ोतरी से फूड इंडस्ट्री के छोटे व्यापारियों की चिंता बढ़ गई है। रेस्टोरेंट, ढाबे और कैटरिंग सेवाओं से जुड़े लोगों को अब अपने खर्चों को मैनेज करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है, जिसका असर ग्राहकों पर भी पड़ने की संभावना है। आने वाले दिनों में होटल और रेस्टोरेंट अपने मेन्यू के दाम बढ़ा सकते हैं, जिससे आम लोगों की जेब पर एक्स्ट्रा खर्च पड़ेगा।
खड़सरी चौराहे पर दो गाड़ियों की भिड़ंत:यात्री और चालक सुरक्षित, दोनों वाहनों को भारी नुकसान
कठेला थाना क्षेत्र के खड़सरी चौराहे पर शुक्रवार को सुबह लगभग 4:32 बजे दो गाड़ियों की टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में दोनों वाहनों के चालक और यात्री सुरक्षित रहे, जबकि गाड़ियों को भारी क्षति पहुंची है। जानकारी के अनुसार, बढ़या निवासी गुलाम मुस्तफा (पूर्व प्रधान मोहम्मद सिद्दीक के पुत्र) की ग्रैंड विटारा गाड़ी किसी काम से गोंडा गई थी। यह गाड़ी सुबह खड़सरी चौराहे से वापस लौट रही थी। दूसरी ओर, पुरैना (थाना इटवा) निवासी राजेश प्रजापति (रामघाट के पुत्र) की स्कॉर्पियो कठेला की ओर से एक बारात से लौट रही थी। चौराहे के बीचों-बीच पहुंचते ही दोनों गाड़ियों में भिड़ंत हो गई। दुर्घटना के तुरंत बाद, एक चालक ने 112 नंबर पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। 112 की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और इसकी जानकारी कठेला थाने को दी गई। थाना प्रभारी भी घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की जांच में जुट गए हैं। पुलिस के पहुंचने तक, दोनों गाड़ियों के चालक और उनमें सवार सभी यात्री सुरक्षित बताए गए हैं।
इकौना में साइकिल-बाइक की टक्कर में तीन घायल:दो लोगों की हालत गंभीर, जिला अस्पताल भेजा गया
श्रावस्ती जनपद के नवीन मॉडर्न थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे 730 पर गुरुवार रात को घंटाघर के पास एक साइकिल और बाइक की आमने-सामने की टक्कर में तीन लोग घायल हो गए। इनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। मिली जानकारी के अनुसार, खरगूपुर निवासी सतीश कुमार साइकिल से कटरा की ओर से अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान विदुहनी निवासी पुजारी और लक्ष्मण बाइक से कटरा से येलहवा मोड़ की तरफ जा रहे थे। घंटाघर के पास पहुंचते ही बाइक सवारों ने सामने से आ रहे साइकिल सवार को टक्कर मार दी। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों और परिजनों की मदद से सभी घायलों को एंबुलेंस के जरिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इकौना पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद पुजारी की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें मेडिकल कॉलेज बहराइच रेफर कर दिया। सतीश कुमार के पैर में फ्रैक्चर होने के कारण उन्हें जिला अस्पताल बलरामपुर भेजा गया। लक्ष्मण का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जारी है।
चारबाग मेट्रो स्टेशन पर अवैध तमंचे के साथ युवक गिरफ्तार
लखनऊ । राजधानी के चारबाग मेट्रो स्टेशन पर चेकिंग के दौरान पुलिस ने एक युवक को अवैध असलहे के साथ गिरफ्तार किया है।पुलिस के अनुसार 30 अप्रैल 2026 को मेट्रो स्टेशन पर स्कैनर मशीन से जांच के दौरान एक संदिग्ध वस्तु दिखाई दी। इस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए नाका हिण्डोला थाना पुलिस ने युवक को पकड़ लिया।
तलाशी लेने पर उसके पास से एक अवैध देशी तमंचा (.315 बोर) बरामद हुआ। गिरफ्तार आरोपी की पहचान वेदांग अग्निहोत्री (उम्र करीब 20 वर्ष) के रूप में हुई है।पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
सीएमओ ने देर रात परतावल CHC का निरीक्षण किया:महराजगंज में स्टाफ मौजूद रहा, व्यवस्थाओं पर संतोष जताया
महराजगंज के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. नवनाथ प्रसाद ने जिले की स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लेने के लिए गुरुवार देर रात सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) परतावल का औचक निरीक्षण किया। रात करीब 9 बजे सीएमओ के अस्पताल पहुंचने पर स्टाफ मुस्तैद मिला, जिस पर उन्होंने संतोष व्यक्त किया। निरीक्षण के दौरान डॉ. नवनाथ प्रसाद सबसे पहले इमरजेंसी वार्ड पहुँचे। वहाँ रोस्टर के अनुसार दो डॉक्टर अपनी ड्यूटी पर तैनात मिले। सीएमओ ने डॉक्टरों से मरीजों को दी जा रही सुविधाओं और दवाओं की उपलब्धता के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि आपातकालीन मरीजों को बिना किसी देरी के तुरंत उपचार प्रदान किया जाए। इसके बाद सीएमओ ने लेबर रूम का भी निरीक्षण किया। उन्हें बताया गया कि शाम के समय अस्पताल में दो सफल प्रसव हुए हैं और जच्चा-बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। डॉ. प्रसाद ने प्रसव कक्ष की साफ-सफाई और स्टाफ की उपस्थिति की सराहना की। उन्होंने कहा कि रात के समय भी स्टाफ का ड्यूटी पर मुस्तैद रहना प्रशंसनीय है। सीएमओ ने पूरे अस्पताल परिसर का भ्रमण कर स्वच्छता व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने अस्पताल कर्मियों को निर्देश दिए कि वे मरीजों के साथ मधुर व्यवहार करें और यह सुनिश्चित करें कि शासन द्वारा प्रदान की जा रही सभी स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुँचे।
Maharajganj News, Maharajganj Hindi News, Maharajganj latest update, UP News, Maharajganj breaking news, MNT News Bharat Maharajganj, Maharajganj local news, Maharajganj crime news, Maharajganj politics, Uttar Pradesh Samachar, महराजगंज समाचार, महराजगंज आज की ताज़ा खबर, महराजगंज न्यूज़ अपडेट.##MNTNewsBharat, #MNTNews, #BreakingNews, #HindiNews, Maharajganj Update, #LatestNewsUP

























